– प्रतिबंध के दौरान अवैध विक्रय पर शिकंजा, नीलामी से प्राप्त 3 हजार रुपये शासन खाते में जमा
डिंडौरी न्यूज।। मध्यप्रदेश नदीय मत्स्योद्योग अधिनियम, 1972 के तहत 16 जून से 15 अगस्त तक घोषित बंद ऋतु के दौरान मत्स्याखेट, मछली विक्रय एवं परिवहन पर लगाए गए प्रतिबंध का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने के लिए मत्स्य विभाग लगातार कार्रवाई कर रहा है। इसी क्रम में समनापुर एवं डिंडौरी मछली बाजारों में संयुक्त निरीक्षण कर अवैध रूप से बेची जा रही कुल 91 किलोग्राम मछली जब्त की गई। जब्त मछली का नियमानुसार विनिष्टीकरण एवं नीलामी कर 3 हजार रुपये की राशि शासन के खाते में जमा कराई गई।
सहायक संचालक मत्स्योद्योग श्री एल.एस. शैयाम के नेतृत्व में सहायक मत्स्य अधिकारी श्री विशाल शरणागत, मत्स्य निरीक्षक श्री बी.के. सिरसाम, सहायक ग्रेड-3 श्री जयप्रकाश धुर्वे तथा चौकीदार दशरथ प्रसाद वरकड़े की संयुक्त टीम ने शुक्रवार को समनापुर और डिंडौरी मछली बाजार का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान समनापुर मछली बाजार से 25 किलोग्राम भारतीय प्रमुख कार्प प्रजाति की मछली तथा 52 किलोग्राम थाईलैंड मांगूर मछली जब्त की गई। वहीं डिंडौरी मछली बाजार से 14 किलोग्राम भारतीय प्रमुख कार्प मछली भी जब्त की गई। विभाग ने नियमानुसार पूरी जब्त मछली का विनिष्टीकरण एवं नीलामी कराई, जिससे प्राप्त 3 हजार रुपये की राशि शासन के खाते में जमा कर दी गई।
मत्स्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि बंद ऋतु का उद्देश्य नदियों एवं जलाशयों में मछलियों के प्रजनन काल के दौरान मत्स्य संसाधनों का संरक्षण करना है। इस अवधि में मत्स्याखेट, मछली विक्रय और परिवहन पर प्रतिबंध लागू है।
विभाग ने नागरिकों, मछुआरों एवं व्यापारियों से अपील की है कि वे प्रतिबंधों का पूर्ण पालन करें तथा मत्स्य संसाधनों के संरक्षण में सहयोग दें। साथ ही चेतावनी दी गई है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध आगे भी लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।










