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सहकारिता को जमीनी स्तर तक पहुंचाने के लिए समितियों के गठन को दें गति: कलेक्टर

एडीटर: Chetram Rajpoot September 23, 2026

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– पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाकर सहकारिता को बनाएं सशक्त : कलेक्टर

डिंडौरी न्यूज । कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सहकारी समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में भारत सरकार द्वारा सहकारिता आंदोलन के सुदृढ़ीकरण एवं सहकारिता को जमीनी स्तर तक पहुंचाने के उद्देश्य से राज्य शासन द्वारा किए जा रहे कार्यों के बेहतर क्रियान्वयन, समन्वय एवं मॉनिटरिंग की विस्तृत समीक्षा की गई। इस दौरान कृषि, पशुपालन एवं डेयरी, मत्स्य, उद्यानिकी तथा दुग्ध संघ से संबंधित सहकारी गतिविधियों की प्रगति पर चर्चा की गई।

कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने निर्देश दिए कि’’ कृषि विभाग की योजनाओं के अंतर्गत नवीन सहकारी समितियों का गठन कर उन्हें आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जाए। पशुपालन एवं डेयरी विभाग पशुपालकों को योजनाओं का लाभ दिलाकर दुग्ध समितियों के गठन एवं उनके व्यवसाय में वृद्धि सुनिश्चित करें। मत्स्य विभाग जलाशयों का चिन्हांकन कर मत्स्य समितियों के पंजीयन के लिए सहकारिता विभाग को प्रस्ताव भेजे। दुग्ध संघ के अंतर्गत अधिक से अधिक समितियों का पंजीयन कराकर दुग्ध संकलन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने उद्यानिकी विभाग की योजनाओं के माध्यम से सहकारी समितियों के गठन एवं सदस्यों की आय में वृद्धि के लिए भी प्रभावी कार्यवाही करने के निर्देश दिए।

बैठक में डीडीएम नाबार्ड द्वारा सहकारी समितियों से संबंधित योजनाओं पर प्रस्तुतीकरण दिया गया। इस दौरान प्रधानमंत्री कृषि धन-धान्य योजना एवं गौ सेवकों से संबंधित कार्यों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने तथा पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाने के निर्देश दिए। उन्होंने सहकारी समितियों को आर्थिक गतिविधियों से जोड़कर उनकी कार्यक्षमता एवं आय में वृद्धि के लिए विभागीय समन्वय के साथ कार्य करने पर जोर दिया।

 

 

एडीटर

Chetram Rajpoot

चेतराम राजपूत ‘मध्यभूमि के बोल’ के संपादक हैं और दो दशक से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। स्थानीय मुद्दों, भ्रष्टाचार के खुलासे और जमीनी खोजी पत्रकारिता के लिए उनकी पहचान है।...

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