– कलेक्टर ने स्वयं पीकर जांची गुणवत्ता, जल संरक्षण का भी दिया संदेश
डिंडौरी न्यूज । जिले के विकासखंड डिंडौरी अंतर्गत ग्राम पंचायत घुसिया माल के ढीमरटोला में लंबे समय से बनी पेयजल समस्या का समाधान शुक्रवार को उस समय हुआ, जब कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया स्वयं गांव पहुंचीं और खराब पड़े बोरवेल में नया पंप लगवाकर घर-घर पानी पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित कराई। कलेक्टर की इस पहल से ग्रामीणों में खुशी का माहौल देखा गया।
जानकारी के अनुसार ढीमरटोला के ग्रामीण हाल ही में आयोजित जनसुनवाई में पेयजल संकट की शिकायत लेकर पहुंचे थे। समस्या को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को दो दिनों के भीतर पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए थे। निर्देशों के क्रियान्वयन की वास्तविक स्थिति जानने के लिए कलेक्टर स्वयं गांव पहुंचीं और जल जीवन मिशन के अंतर्गत किए गए कार्यों का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने पाया कि गांव में पेयजल की समस्या गंभीर थी। समाचार पत्रों में प्रकाशित खबरों के अनुसार ग्रामीण पानी की आवश्यकता पूरी करने के लिए कुएं में उतरकर पानी भरने को मजबूर थे। इस स्थिति को देखते हुए कलेक्टर ने मौके पर ही अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए और अपने समक्ष खराब पड़े बोरवेल में नया ट्यूबवेल पंप लगवाकर उसे चालू कराया। इसके साथ ही गांव में घर-घर पानी पहुंचाने की व्यवस्था भी तत्काल सुनिश्चित कराई गई।

कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने पानी की गुणवत्ता की जांच के लिए स्वयं बोरवेल का पानी पिया तथा गांव के छोटे बच्चों को भी पानी पिलाया। गांव में पेयजल आपूर्ति बहाल होने के बाद ग्रामीणों के चेहरों पर संतोष और खुशी साफ दिखाई दी। ग्रामीणों ने मीडिया के सामने कहा कि उन्होंने पहली बार ऐसा कलेक्टर देखा है, जिन्होंने स्वयं मौके पर खड़े होकर ट्यूबवेल फिट करवाया और समस्या का तत्काल समाधान कराया।
ग्रामीणों की सुविधा के लिए दो-दो हजार लीटर क्षमता की दो पानी टंकियां भी स्थापित कराई गईं। वहीं कम वोल्टेज की समस्या सामने आने पर कलेक्टर ने स्टेबलाइजर लगाने के निर्देश देकर उसे भी तत्काल लगवाया, जिससे मोटर सुचारू रूप से संचालित हो सके।

कलेक्टर ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि गर्मी के मौसम में पानी का उपयोग अत्यंत सावधानी और जिम्मेदारी के साथ किया जाना चाहिए। उन्होंने गांव के किसी जिम्मेदार व्यक्ति को मोटर संचालन की जिम्मेदारी सौंपने की सलाह दी, ताकि पूरे गांव को निर्धारित समय पर पर्याप्त पानी उपलब्ध कराया जा सके।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने जल संरक्षण को लेकर भी विशेष जागरूकता अभियान चलाया। उन्होंने ग्रामीण राकेश नंदा के घर पहुंचकर सोखता टैंक निर्माण की विधि समझाई तथा निर्माण कार्य में सहयोग भी किया। कलेक्टर ने ग्रामीणों से अपने घरों में सोखता टैंक बनाने की अपील करते हुए कहा कि घरेलू उपयोग के बाद निकलने वाले पानी को सोखता टैंक में डालने से भूजल स्तर बनाए रखने में मदद मिलेगी तथा वर्षा जल संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
इस अवसर पर एसडीएम श्री रामबाबू देवांगन, तहसीलदार श्री सुंदरलाल यादव, जनसंपर्क अधिकारी श्री चेतराम अहिरवार, एसडीओ लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी श्री प्रमोद उपाध्याय, श्री बी.के. कोल, सचिव श्री जवाहर सिंह ठाकुर, सरपंच श्रीमती सुभद्रा बाई पट्टा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।










