डिंडौरी न्यूज । जिले के बजाग तहसील अंतर्गत गाड़ासरई थाना क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग-45 पर रविवार देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में पांच ग्रामीणों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद जिला प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राहत एवं बचाव कार्य संचालित किया और पीड़ित परिवारों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह दुर्घटना रात करीब 1 बजे किकरा तालाब गांव के समीप हुई। परसवाह ग्राम के कुछ ग्रामीण एक पारिवारिक कार्यक्रम से लौटते समय अपने पिकअप वाहन का पंचर टायर बदल रहे थे। इसी दौरान अमरकंटक रोड की ओर से तेज रफ्तार में आ रहे ट्राला (क्रमांक MP 19 ZO 9351) ने सड़क किनारे खड़े लोगों को अपनी चपेट में ले लिया।
इस भीषण हादसे में पवन कुमार मरावी (32), विशाल सिंह धुर्वे (58), राजकरण बनवासी (30), बिहारी सिंह उद्दे (31) एवं पवन सिंह उद्दे (52) की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं उदय प्रताप सिंह (20) घायल हो गए, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। चिकित्सकों के अनुसार उनकी स्थिति अब सामान्य है।
घटना की सूचना मिलते ही कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया, पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहिनी सिंह सहित प्रशासनिक व पुलिस अमला तत्काल मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी करते हुए घायलों को उपचार और मृतकों के परिजनों को सांत्वना प्रदान की। कलेक्टर एवं एसपी ने स्वयं घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया।

जिला प्रशासन ने मानवता का परिचय देते हुए मृतकों के परिजनों को रेडक्रॉस सोसायटी के माध्यम से 50-50 हजार रुपये की तात्कालिक आर्थिक सहायता प्रदान की। इसके अलावा ‘संबल योजना’ के तहत प्रत्येक मृतक के परिजन को 4-4 लाख रुपये की सहायता राशि दिए जाने की घोषणा की गई है। प्रशासन ने मृतकों के अंतिम संस्कार की समुचित व्यवस्था भी सुनिश्चित कराई।
पुलिस ने दुर्घटना में शामिल ट्राला चालक को वाहन सहित गिरफ्तार कर लिया है और उसके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। वहीं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गाड़ासरई में मृतकों का पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को सौंप दिए गए।
जिला प्रशासन ने इस दुखद घटना के बाद आमजन से अपील की है कि सड़क पर वाहन खड़ा करते समय विशेष सतर्कता बरतें और यातायात नियमों का पालन करें, ताकि भविष्य में इस प्रकार की दुर्घटनाओं से बचा जा सके।








