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लघु वेतन कर्मचारियों की मांगों पर सरकार मौन, 21 फरवरी को भोपाल में जंगी प्रदर्शन की तैयारी 

akvlive.in

Published

– 15 सूत्रीय मांगों को लेकर लघु वेतन कर्मचारी संघ का सात चरणीय आंदोलन तेज

– डिंडौरी में दीदी कैफे में आयोजित प्रेस वार्ता में जिला अध्यक्ष प्रकाश सिंह चंदेल ने रखे संगठन के पक्ष

डिंडौरी न्यूज। मध्यप्रदेश लघु वेतन कर्मचारी संघ द्वारा अपनी 15 सूत्रीय मांगों के समर्थन में प्रदेशव्यापी सात चरणीय आंदोलन चलाया जा रहा है। इसी क्रम में बुधवार को डिंडौरी जिला मुख्यालय स्थित दीदी कैफे में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए संघ के जिला अध्यक्ष प्रकाश सिंह चंदेल ने आंदोलन की रूपरेखा, अब तक की कार्यवाही और आगामी चरणों की विस्तृत जानकारी दी।

श्री चंदेल ने बताया कि संघ द्वारा अब तक आंदोलन के पांच चरण पूर्ण किए जा चुके हैं। प्रथम चरण में प्रदेश के समस्त 55 जिलों में मुख्यमंत्री एवं मुख्य सचिव के नाम कलेक्टरों को ज्ञापन सौंपा गया। द्वितीय चरण में सभी संभागीय मुख्यालयों पर संभागीय आयुक्तों को ज्ञापन दिया गया। तृतीय चरण में जिला अध्यक्षों द्वारा प्रभारी मंत्री, सांसद एवं विधायकों को ज्ञापन सौंपे गए।

चतुर्थ चरण के अंतर्गत सभी 55 जिलों में जिला मुख्यालयों पर कलेक्टर कार्यालय के सामने दोपहर 1 से 3 बजे तक धरना प्रदर्शन किया गया। पंचम चरण में संविधान निर्माता भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर ज्ञापन की प्रति भेंट कर स्पीड पोस्ट के माध्यम से मुख्यमंत्री एवं मुख्य सचिव को मांग पत्र भेजा गया।

जिला अध्यक्ष ने बताया कि छठे चरण में दिनांक 29 जनवरी 2026 को प्रदेश के सभी 55 जिलों में सुबह 11 बजे पत्रकार वार्ता आयोजित कर शासन-प्रशासन को मांगों से अवगत कराया जा रहा है। वहीं सातवें और अंतिम चरण में 21 फरवरी 2026 को प्रदेशभर के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भोपाल के अंबेडकर मैदान, तुलसी नगर में एकत्र होकर विशाल रैली, जंगी प्रदर्शन एवं आम सभा का आयोजन करेंगे।

प्रेस वार्ता में श्री चंदेल ने संघ की प्रमुख मांगों को रखते हुए बताया कि प्रदेश में कार्यरत नियमित सेवा के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की शीघ्र सीधी भर्ती प्रारंभ की जाए। अंशकालीन, दैनिक वेतनभोगी एवं स्थायी कर्मियों को नियमित कर्मचारी मानते हुए समान सुविधाएं दी जाएं। आकस्मिक कार्यभारित कर्मचारियों को 300 दिन का अर्जित अवकाश प्रदान किया जाए।

उन्होंने आगे कहा कि चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों का पदनाम परिवर्तित कर कार्यालय सहायक किया जाए, ग्रेड पे 1300 के स्थान पर 1800 किया जाए तथा पुरानी पेंशन बहाल की जाए। वर्ष 2020 में जारी स्टाफ फंड के आदेशों में 70, 80 एवं 90 प्रतिशत की परीक्षा अवधि की सीमा समाप्त कर पूर्व की तरह आदेश यथावत रखे जाएं।

इसके अतिरिक्त आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका, कोटवार, मध्यान्ह भोजन रसोइया, स्व-सहायता समूह, आशा, उप स्वास्थ्य केंद्र कर्मचारी एवं सुपरवाइजरों को नियमित कर्मचारियों की भांति सभी सुविधाएं देने, पीएफ काटने के आदेश जारी करने तथा जुलाई माह में इंसेंटिव का लाभ देने की मांग भी प्रमुख रूप से रखी गई।

जिला अध्यक्ष ने बताया कि प्रदेश में कार्यरत हजारों की संख्या में आउटसोर्स कर्मचारियों की भर्ती एवं शासकीय सेवा मद से वेतन भुगतान के लिए आउटसोर्स आयोग का गठन किया जाए।

अंत में श्री चंदेल ने जिले एवं प्रदेश के समस्त लघु वेतन एवं चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों से अपील की कि वे 21 फरवरी 2026 को अधिक से अधिक संख्या में भोपाल पहुंचकर आम सभा को सफल बनाएं और अपनी 15 सूत्रीय मांगों को लेकर निर्णायक संघर्ष के लिए एकजुट हों।

Chetram Rajpoot

चेतराम राजपूत मध्यभूमि के बोल समाचार पत्र के संपादक हैं। 2013 से इस दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं। निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारिता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता ने madhyabhoomi.in को विश्वसनीय समाचार स्रोत बनाया है, जो मुख्यधारा की मीडिया से अलग, विकास, समानता, आर्थिक और सामाजिक न्याय जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्रित है। हम सच्चाई और पारदर्शिता में विश्वास रखते हैं। मीडिया की स्वतंत्रता और निष्पक्षता को बनाए रखने के लिए सतत प्रयासरत हैं। बेखौफ कलम... जो लिखता है बेलिबास सच..

Chetram Rajpoot

चेतराम राजपूत मध्यभूमि के बोल समाचार पत्र के संपादक हैं। 2013 से इस दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं। निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारिता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता ने madhyabhoomi.in को विश्वसनीय समाचार स्रोत बनाया है, जो मुख्यधारा की मीडिया से अलग, विकास, समानता, आर्थिक और सामाजिक न्याय जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्रित है। हम सच्चाई और पारदर्शिता में विश्वास रखते हैं। मीडिया की स्वतंत्रता और निष्पक्षता को बनाए रखने के लिए सतत प्रयासरत हैं। बेखौफ कलम... जो लिखता है बेलिबास सच..