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Dindori News: मोतियाबिंद के मुफ्त इलाज के बहाने आधार,आयुष्मान कार्ड का डाटा संग्रह, दो संदिग्ध पुलिस हिरासत में

akvlive.in

Published

– आयुष्मान योजना के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा! शहपुरा CHC में अवैध शिविर का भंडाफोड़

डिंडौरी न्यूज | आयुष्मान भारत योजना जैसी महत्वाकांक्षी और जनकल्याणकारी योजना के नाम पर आम जनता से धोखाधड़ी का एक गंभीर मामला जिले के शहपुरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में सामने आया है। बिना किसी शासकीय अनुमति और अधिकृत आदेश के आयोजित किए गए एक कथित स्वास्थ्य शिविर का मंगलवार को प्रशासन और पुलिस ने भंडाफोड़ किया, जिससे पूरे स्वास्थ्य तंत्र की निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं।

जानकारी के अनुसार, सोमवार को शहपुरा नगर में एक वाहन के माध्यम से अनाउंसमेंट कराया गया, जिस पर सांसद फग्गनसिंह कुलस्ते, विधायक ओमप्रकाश धुर्वे सहित अन्य जनप्रतिनिधियों के नाम और फोटो लगे पोस्टर-बैनर चस्पा थे। अनाउंसमेंट में लोगों को आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत मुफ्त मोतियाबिंद इलाज का प्रलोभन देकर अगले दिन शहपुरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में आने के लिए कहा गया।

मंगलवार को CHC परिसर में बाहर से आए कुछ अज्ञात व्यक्तियों द्वारा कथित शिविर लगाया गया, जहां जांच के नाम पर ग्रामीणों और मरीजों से आधार कार्ड और आयुष्मान कार्ड लेकर उनका डाटा एकत्र किया जा रहा था। हैरानी की बात यह रही कि इस शिविर की न तो स्वास्थ्य विभाग को कोई पूर्व सूचना दी गई थी और न ही अस्पताल प्रबंधन को इसकी जानकारी थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए शहपुरा अनुविभागीय दंडाधिकारी ऐश्वर्य वर्मा मौके पर पहुंचे । जांच के दौरान शिविर को अवैध पाए जाने पर तत्काल बंद कराया गया। मौके से दो संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लेकर थाना शहपुरा भेजा गया, जहां उनसे पूछताछ जारी है।

प्रशासन अब यह पता लगाने में जुटा है कि यह फर्जी शिविर किसके निर्देश पर लगाया गया था, सांसद-विधायक के नाम और फोटो का उपयोग किस अनुमति से किया गया और एकत्र किया गया आधार-आयुष्मान डाटा किस उद्देश्य से लिया जा रहा था।

इस पूरे मामले ने आयुष्मान भारत योजना की विश्वसनीयता के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय प्रशासन की निगरानी व्यवस्था पर भी गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं। यदि समय रहते कार्रवाई नहीं होती, तो ऐसे फर्जीवाड़े आम नागरिकों की निजी जानकारी के दुरुपयोग का बड़ा खतरा बन सकते हैं।
फिलहाल प्रशासन द्वारा जांच जारी है और आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर की जाएगी।

Chetram Rajpoot

चेतराम राजपूत मध्यभूमि के बोल समाचार पत्र के संपादक हैं। 2013 से इस दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं। निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारिता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता ने madhyabhoomi.in को विश्वसनीय समाचार स्रोत बनाया है, जो मुख्यधारा की मीडिया से अलग, विकास, समानता, आर्थिक और सामाजिक न्याय जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्रित है। हम सच्चाई और पारदर्शिता में विश्वास रखते हैं। मीडिया की स्वतंत्रता और निष्पक्षता को बनाए रखने के लिए सतत प्रयासरत हैं। बेखौफ कलम... जो लिखता है बेलिबास सच..

Chetram Rajpoot

चेतराम राजपूत मध्यभूमि के बोल समाचार पत्र के संपादक हैं। 2013 से इस दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं। निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारिता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता ने madhyabhoomi.in को विश्वसनीय समाचार स्रोत बनाया है, जो मुख्यधारा की मीडिया से अलग, विकास, समानता, आर्थिक और सामाजिक न्याय जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्रित है। हम सच्चाई और पारदर्शिता में विश्वास रखते हैं। मीडिया की स्वतंत्रता और निष्पक्षता को बनाए रखने के लिए सतत प्रयासरत हैं। बेखौफ कलम... जो लिखता है बेलिबास सच..