– आदिवासियों पर अत्याचार, अवैध शराब और मामलों में लेन–देन के आरोप
डिंडौरी न्यूज । पुलिस थाना मेंहदवानी में पदस्थ थाना प्रभारी निरीक्षक श्यामसुन्दर उसराठे को तत्काल हटाने की मांग को लेकर गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के राष्ट्रीय सचिव अमान सिंह पोर्ते एवं स्थानीय आदिवासी समाज ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए थाना प्रभारी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि निरीक्षक श्यामसुन्दर उसराठे के मेहदवानी थाने में पदस्थ होने के बाद से ही आदिवासियों के साथ अन्याय और अत्याचार के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। आरोप है कि थाना क्षेत्र में आए दिन लड़ाई-झगड़े की घटनाएं हो रही हैं, लेकिन पुलिस द्वारा निष्पक्ष कार्रवाई नहीं की जा रही। पीड़ित पक्ष के बजाय दोनों पक्षों पर मामला दर्ज कर प्रकरण को कमजोर किया जाता है, वहीं प्रभावशाली आरोपियों से साठ-गांठ कर उन्हें लाभ पहुंचाया जाता है।
– अवैध शराब बिक्री को संरक्षण देने का आरोप
ज्ञापन में कहा गया है कि थाना प्रभारी के संरक्षण में मेंहदवानी, कठोतिया , सारसडोली सहित थाना क्षेत्र के अन्य गांवों में खुलेआम अंग्रेजी शराब की अवैध बिक्री हो रही है। इसके चलते महिलाओं पर अत्याचार की घटनाएं बढ़ रही हैं तथा युवा वर्ग शराब सेवन के कारण दुर्घटनाओं का शिकार हो रहा है। आरोप है कि पुलिस द्वारा कथित रूप से मासिक लेन-देन के आधार पर आंखें मूंद ली जाती हैं।
– मारपीट की घटनाओं में एकतरफा कार्रवाई का आरोप
दिनांक 29 अप्रैल 2025 की घटना का उल्लेख करते हुए बताया गया कि ग्राम पायली निवासी शनि मरावी को रात करीब 8:30 बजे ग्राम सारसडोली में 10 लोगों द्वारा बेरहमी से मारपीट की गई। बावजूद इसके थाना प्रभारी ने केवल एक आरोपी के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की, जबकि अन्य आरोपियों को कथित रूप से पैसे लेकर छोड़ दिया गया। इस घटना से आदिवासी समाज में भारी रोष है।
– धोखाधड़ी और मारपीट मामलों में कार्रवाई शून्य
ज्ञापन में दिनांक 16 अगस्त 2025 को धोखाधड़ी के एक मामले का भी जिक्र है, जिसमें आवेदन दिए जाने के बावजूद टीआई की मिलीभगत से मामला खत्म कर दिए जाने का आरोप लगाया गया है। वहीं 3 अगस्त 2025 को माधपुर घाट में शराब के विवाद में मारपीट और पैसे छीने जाने की शिकायत के बावजूद आज तक कोई कार्रवाई नहीं होने की बात कही गई है।
– 112 वाहन के सामने महिला से मारपीट
सबसे गंभीर मामला 24 व 25 नवंबर 2025 का बताया गया है, जब ग्राम पायली निवासी राजकुमारी परते के साथ 9 आरोपियों द्वारा पुलिस वाहन 112 के सामने घसीट-घसीट कर मारपीट की गई। पुलिस ने केवल 4 लोगों पर मामला दर्ज किया, जबकि शेष आरोपियों को कथित रूप से पैसा लेकर छोड़ दिया गया। इस घटना से जुड़े फोटो व वीडियो सामने आने के बाद भी कार्रवाई न होने से समाज में भारी आक्रोश है।
– कलेक्टर से तत्काल कार्रवाई की मांग
इन सभी मामलों को गंभीर बताते हुए गोंगपा राष्ट्रीय सचिव अमान सिंह पोर्ते और युवा नेता राजाबली मरावी ने आदिवासी समाज की ओर से ज्ञापन सौंपते हुए मांग की गई है कि मेहदवानी थाना प्रभारी निरीक्षक श्यामसुन्दर उसराठे को तत्काल हटाकर किसी अन्य निष्पक्ष अधिकारी की पदस्थापना की जाए।साथ ही सभी मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की गई है। आदिवासी संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे।









