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सीएम हेल्पलाईन में शिकायत की तो पुलिस ने फर्जी मामला दर्ज कर पूरे परिवार को भेजा जेल,टीआई धीरज राज पर गंभीर आरोप

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  • – अमरपुर चौकी पुलिस द्वारा दुर्घटनाकारित वाहन बदलने से उपजा विवाद ने पीड़ितो को पहूॅचाया जेल
  • – सीएम हेल्पलाईन में दर्ज शिकायत बंद कराने चौकी प्रभारी ने किया था गाली गलौच
  • – सोशल मीडिया में वीडियो वायरल होने पर पुलिस अधीक्षक ने किया था लाईन अटैच
  • – षडयंत्र रचकर पुलिस ने पीड़ितो को सपरिवार भेजा जेल
  • – राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग,मुख्यमंत्री, डीजीपी, समेत पुलिस महानिरीक्षक एवं पुलिस अधीक्षक को भेजा षिकायत

 

मध्यभूमि के बोल,संवाददाता
डिंडौरी। देश भक्ति,जन सेवा के आदर्श वाक्य की रोषनी पर कार्यरत पुलिस महकमा समाज का रक्षक हैं, किन्तु जब रक्षक ही भक्षक की भूमिका में आ जाये तो समाज में नैतिकता और न्याय का पतन निष्चित हैं,जब अपराधियों को पुलिस द्वारा संरक्षित करते हुए, वर्दी की हनक दिखाते हुए पीड़ितो को ही फर्जी मामला दर्ज कर जेल भेजने का कार्य किया जायेगा तो पुलिस की निष्पक्षता और कार्यप्रणाली पर सवाल उठना स्वाभाविक हैं। यॅू तो जब व्यक्ति मुसीबत या किसी परेषानी में होता है तो भगवान के बाद अगर किसी को याद करता है तो वह है पुलिस, जहॉ से उसे सहायता और न्याय मिलने की उम्मीद होती है,लेकिन जब पीड़ितो को सहायता की वजाय पुलिसिया उत्पीड़न झेलना पड़े तो इसे दुर्भाग्य ही कहा जा सकता हैं । समनापुर थाना प्रभारी धीरजराज आमजनों को प्रताडित करने के लिए क्षेत्र में विख्यात है,इनके द्वारा धमका कर अवैध वसूली की अनेको षिकायत उच्चाधिकारिंयो तक पहूॅची हैं,विजय पाटले के निलंबन के बाद टीआई धीरज राज को एक बार फिर समनापुर थाना प्रभारी बनाया गया हैं,जिसको लेकर तरह-तरह की चर्चा चल रही हैं।

चालान में दुर्घटना कारित वाहन बदलने का आरोप
सड़क दुर्घटना में 5 वर्षीय बच्ची के गंभीर रूप घायल होने से शुरू हुई कहानी पीड़ित घायल बच्ची के परिजनों के लिए ही मुसीबत का सबब बन गया, पूरी कहानी मोटरसाईकल दुर्घटना से शुरू होती है, प्राप्त जानकारी के अनुसार दिनॉक 27/02/2022 को ग्राम भाखा छापा टिकरा नाला के पास मोटरसाईकल चालक संतोष पिता महेष राठौर के द्वारा लापरवाही पूर्वक वाहन चलाते हुए सड़क किनारे पटरी पर खेल रही 5 वर्षीय कु. शषी ठाकुर का एक्सीडेंट किया गया था, जिसके विरूध्द अमरपुर चौकी में अपराध क्र 0074/2022 धारा 279,337 के तहत संतोष राठौर के विरूध्द मामला पंजीबध्द किया गया था। अंतिम फार्म रिपोर्ट चालान दिनॉक 28/03/2022 को न्यायालय में पेष किया गया था जिसमें दुर्घटना करने वाले वाहन को बदलते हुए एमपी 52 एमडी 5371 दर्ज किया गया है। जबकी एक्सीडेंट वाहन क्र एमपी 52 एमए 8865 से हुआ था, मेडिकल रिपोर्ट के साथ वाहन नम्बर की सूचना अमरपुर चौकी में दिनॉक 07/03/2022 को दी गई थी, जिसकी पावती चौकी प्रभारी मनोज त्रिपाठी के द्वारा 07/03/2022 को दी गई हैं।

खुले बाजार में आरोपियो ने पीटा,वीडियो वायरल


आरोपी से सॉठगॉठ कर जब अमरपुर पुलिस ने दुर्घटना कारित वाहन को ही बदल दिया,वही आरोपी मामलें में राजीनामा करने के लिए दवाब बना रहा था, राजीनामा नही करने पर 10/04/2022 को अमरपुर बाजार में कृष्णकुमार एवं मॉ गुलुम बाई की बेरहमी से पिटाई करने के चलते प्राथमिक उपचार के बाद ईलाज के लिए जिला अस्पाताल रिफर किया गया था,उक्त घटना का वीडियो सोषल मीडिया में वायरल हुआ था, मारपीट की जॉच प्रधान आरक्षक रोषन सिंह मरावी के द्वारा की गई है, जिसमें मौके पर मौजूद गवाहो ने गवाही दी है कि अनावेदको के द्वारा राजीनामा करने की बात को लेकर मारपीट की गई है, घटना के बाद दीपक ठाकुर मौके पर आया था और गुलुम बाई को चौकी ले गया था। आरोपी संतोष राठौर मामला में राजीनामा करने के लिए घर आकर धौंस देकर दवाब बना रहा था कि वाहन बदले है उसको छोड़ो और राजीनामा कर लो, मना करने पर दिनॉक 10/04/2022 को अमरपुर मुख्य बजार में सरेआम कृष्ण कुमार/कन्हैया एवं गुलुमबाई/ कन्हैया के साथ संतोष राठौर/महेष राठौर, आषोक कुमार/महेष,चंपा बाई महेष एवं महेष राठौर/प्रहलाद राठौर के द्वारा मारपीट कर टॉप एवं पंचाली छीनाछपटी की गई थी, उक्त मामले में अप.क्र. 0156/2022 दर्ज कर अनावेदको के विरूध्द धारा 341,294,323,355,506,34 दर्ज किया गया एवं टाप एवं पंचाली गुम हो जाना लेख किया गया, जिसकी षिकायत आवेदक के द्वारा दिनॉक 10/04/2022 को सी.एम हेल्पलाईन में दर्ज कर सही एफआईआर दर्ज करने की मॉग की गई थी। अमरपुर पुलिस के द्वारा दुर्घटना में प्रयुक्त वाहन को बदलने के दौरान आरोपियों से मिलभगत करने का आरोप है,जिसके चलते अनावेदको के विरूध्द गहना छीनने का मामला जानबुझकर दर्ज नही करने का आरोप लगाया हैं।

 

बौखलाहट में पुलिस ने पीड़ितो पर दर्ज किया फर्जी मामला
दिनॉक 27/02/2022 को संतोष राठौर के द्वारा कु. शषी ठाकुर का एक्सीडेंट जिस डील्कस वाहन से किया गया है उसे षडयंत्रपूर्वक चौकी प्रभारी द्वारा बदल दिया गया था, आरोपियो ने पुलिस के संरक्षण में ही दीपक ठाकुर के परिजनों पर सरेराह हमला करने का आरोप हैं । संरक्षण के चलते अमरपुर चौकी पुलिस के द्वारा लूट की कार्रवाई दर्ज नही की गई थी, जिसकी षिकायत सीएम हेल्पलाईन की गई थी, षिकायत बंद न करने पर चौकी प्रभारी द्वारा गाली गलौच कर हवालात में बंद करने की धमकी देने के वीडियो वायरल होने पर पुलिस अधीक्षक के द्वारा चौकी प्रभारी मनोज त्रिपाठी को लाईन अटैच किया गया था। जिससे बौखला कर दीपक ठाकुर, भाई कृष्ण कुमार एवं मॉ श्रीमति गुलुम बाई के विरूध्द अनावेदकों के साथ मिलकर षडयंत्रपूर्वक फर्जी मामला दर्ज कर पूरे परिवार को जेल भेंजा गया है।

अमरपुर चौकी प्रभारी के विरूध्द लाईन अटैच की कार्रवाई होने से तत्कालीन समनापुर थाना प्रभारी धीरज राज ने बौखलाहट में अनावेदिका श्रीमति चंपा बाई पति महेष ,संतोष राठौर पिता महेष निवासी ग्राम देवरी के षिकायत पर चौकी प्रभारी रंजीत सैयाम के द्वारा दिनॉक 18/04/2022 को जॉच प्रतिवेदन थाना प्रभारी समनापुर को भेजा गया था, समनापुर थाना प्रभारी के द्वारा दिनॉक 20/04/2022 को पुलिस अधीक्षक को जॉच प्रतिवेदन प्रेषित कर कार्रवाई की अनुमति मॉगी गई थी, जिसमें पुलिस अधीक्षक के द्वारा दिनॉक 22/04/2022 को विधि सम्मत कार्रवाई करने का आदेष जारी किया गया था। दिनॉक 22/04/2022 को समनापुर थाना में पीड़ित कृष्ण कुमार पिता कन्हैया, श्रीमति गुलुम बाई पति कन्हैया, दीपक पिता कन्हैया निवासी ग्राम चौरा के विरूध्द अपराध क्र 0156/2022 , भा.द.स. 1860 की धारा 341,327,355,323,294,506,34 के तहत पूरे परिवार को जेल भेजा गया हैं। आवेदको की षिकायत की जॉच भी प्रधान आरक्षक रोषन सिंह मरावी के द्वारा की गई है, जिसमें अनावेदको के विरूध्द दर्ज है, जो कि एक ही परिवार के है उन्ही को गवाह बनाकर आवेदक और परिजनो के विरूध्द फर्जी मामला अपराध क्र. 0175/2022 दर्ज किया गया हैं।

 

दोषियों के विरूध्द कार्रवाई की मॉग
समनापुर थाना प्रभारी धीरज राज, तत्कालीन अमरपुर चौकी प्रभारी मनोज त्रिपाठी, रंजीत सैयाम, प्रधान आरक्षक रोषन सिंह मरावी 244,एफआईआर दर्ज कर्ता टाकेष्वरी मरकाम के दुर्भावनापूर्ण कार्यवाही से आवेदक दीपक ठाकुर,कृष्णकुमार एवं श्रीमति गुलुम बाई/कन्हैया को 20 दिवस तक फर्जी तरीके से फसा कर जेल में बंद किया गया है। जिससे मौलिक एवं मानव अधिकार का उल्लघंन हुआ हैं,संविधान के प्रस्तावना में व्यक्तियो की गरिमा को सर्वोच्च रखा गया है जिसका उल्लंघन उपरोक्त पुलिस कर्मियों के द्वारा किया गया है। मामलें को लेकर युवा अधिवक्ता सम्यक जैन ने पुलिस अधीक्षक से षिकायत कर निष्पक्ष जॉच कराये जानें की मॉग की है, उन्होने कहा कि दुर्भावनावष फर्जी प्रकरण दर्ज कर परिवार को 20 दिवस जेल में बंद रखा गया है, जिससें उनकी समाज में सम्मान,प्रतिष्ठा एवं मानवीय गरिमा को ठेस पहूॅची हैं,निष्पक्ष जॉच कराने की मॉग की है,जिससे समाज में न्याय और प्रषासन में आमजनों का विष्वास कायम रहैं।

 

इनका कहना हैं,,
पीड़ित के द्वारा मुझे पूरे मामला से अवगत कराया गया है,पुलिस का यह कृत्य विधि और न्याय के विपरीत हैं,पुलिस अधीक्षक ने जॉच के आदेश दिये है,दोषियों के विरूध्द दुर्घटना कारित वाहन बदलने व फर्जी मामला दर्ज करने वालों के विरूध्द उचित कार्रवाई की दरकार है,जिससे समाज में प्रशासन पर आमजनों का भरोसा बना रहैं।
सम्यक जैन,अधिवक्ता

 

अमरपुर बाजार में घटित घटना के दौरान में शहपुरा में था,सूचना मिलने पर अमरपुर आकर चौकी में रिपोर्ट दर्ज कराया था,सीएम हेल्पलाईन में शिकायत करने,पुलिस अधीक्षक द्वारा चौकी प्रभारी के विरूध्द लाईन अटैच की कार्रवाई से बौखलाकर मुझे परिवार सहित जेल भेजा गया है,जिससे समाज में मेरी गरिमा धुमिल हुई हैं।
दीपक ठाकुर,पीड़ित चौरा

 

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